बेरमो: डीवीसी के बोकारो थर्मल ताप विद्युत केंद्र के सतर्कता विभाग के सौजन्य से पावर प्लांट परिसर स्थित बिरसा मुंडा भवन के सम्मेलन कक्ष में बुधवार को ‘सत्यनिष्ठा से समृद्धि’ विषय पर एक संगोष्ठी का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ राष्ट्रगीत, राष्ट्रगान और एचओपी मधुकर श्रीवास्तव सहित वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा मंगल दीप प्रज्ज्वलित कर किया गया। सतर्कता अधिकारी उज्ज्वल विश्वास के स्वागत संबोधन के बाद एचओपी ने उद्घाटन संबोधन में कहा कि सत्यनिष्ठा हमारे कर्तव्यपालन का अभिन्न अंग होनी चाहिए। वहीं, जीएम (एचआर) एए कुजूर ने देश के विकास के लिए सत्यनिष्ठा के साथ कार्य करने को अत्यंत आवश्यक बताया विचार-अभिव्यक्ति सत्र के दौरान केंद्रीय विद्यालय, बोकारो थर्मल की शिक्षिका दिव्या सरोज और शिक्षक शशि रंजन ने सत्यनिष्ठा को जीवन व सामूहिक प्रयास के लिए आवश्यक बताया। वरिष्ठ प्रबंधक राहुल सिंह ने कहा कि सत्यनिष्ठा का पालन करने से समृद्धि का मार्ग स्वतः प्रशस्त होता है, जबकि परिचालन अनुभाग के उप महाप्रबंधक ने नागरिकों द्वारा पूरी सत्यनिष्ठा से कर्तव्यों के निर्वहन को राष्ट्र के सर्वांगीण विकास के लिए जरूरी बताया।
डीवीसी अस्पताल के डीजीएम हेल्थ डॉ. एसके झा और डीएवी पब्लिक स्कूल, कथारा के प्राचार्य डॉ. गुलाम नबी खान ने भी समृद्ध समाज के निर्माण में नैतिक मूल्यों और स्वास्थ्य के विभिन्न आयामों पर अपने विचार रखे। मुख्य वक्ता के रूप में झारखंड केंद्रीय विश्वविद्यालय, रांची के उप कुलसचिव हरीश मोहन ने प्राचीन व आधुनिक उदाहरणों के माध्यम से सत्यनिष्ठा के महत्व को स्पष्ट करते हुए व्यक्तिगत आदर्शों को बनाए रखने और ईमानदारीपूर्वक कर्तव्यों का निर्वहन करने पर विशेष बल दिया। सहायक नियंत्रक (यांत्रिकी) एवं आयोजन समिति के सदस्य दीनानाथ शर्मा द्वारा संचालित इस संगोष्ठी के अंत में एचओपी द्वारा सभी अतिथियों को सम्मानित किया गया। धन्यवाद ज्ञापन वरिष्ठ प्रबंधक (एचआर) पार्थ सारथी मुखर्जी ने किया। संगोष्ठी का मुख्य उद्देश्य कार्यसंस्कृति में ईमानदारी, पारदर्शिता और नैतिक मूल्यों के प्रति जागरूकता बढ़ाना रहा।
राजेश सागर की रिपोर्ट,
