तेनुघाट: तेनुघाट व्यवहार न्यायलय के एसीजेएम मनोज कुमार प्रजापति ने चेक बाउंस के दोषी जारंगडीह निवासी बसंत करमाली को आठ महीने की सजा और तीन लाख रुपए जुर्माना की सजा सुनाई । बताते चलें कि कांड के परिवादी कथारा स्टॉफ कॉलोनी निवासी नवल किशोर सिंह ने तेनुघाट व्यवहार न्यायालय के एसीजेएम के न्यायालय में 2020 में एक परिवाद पत्र दाखिल कर बताया था कि उसकी और अभियुक्त बसंत करमाली की पहले से दोस्ती थी और दोस्ताना कर्ज में दो लाख रुपए दिए थे । इसके बदले अभियुक्त ने परिवादी को चेक दिया जिस चेक को परिवादी ने जब बैंक में डाला वह चेक बाउंस हो गया । जिसकी जानकारी अभियुक्त को दिया गया मगर उसने पैसा ना लौटाया तो परिवादी नवल किशोर सिंह ने अभियुक्त बसंत करमाली के विरुद्ध न्यायालय में चेक बाउंस का मुकदमा दाखिल किया । न्यायालय में उपलब्ध गवाह एवं दोनों पक्ष की अधिवक्ताओं के बहस बाद सुनने के बाद श्री प्रजापति ने अभियुक्त बसंत करमाली को दोषी पाने के बाद आठ माह की सजा और तीन लाख जुर्माना की सजा सुनाई । सजा सुनाई जाने के बाद अभियुक्त बसंत करमाली के अधिवक्ता के द्वारा न्यायालय में सजा के खिलाफ उच्च न्यायालय में अपील करने का आवेदन दिया । इसके बाद दोषी अभियुक्त बसंत करमाली को जमानत पर छोड़ा गया । परिवादी नवल किशोर सिंह की ओर से अधिवक्ता समीर कुमार सामंता और पंकज कुमार सिंह ने बहस की।
Author: Shamsher Editor in chief
14/08/1980
