औरंगाबाद से अविनाश कुमार की रिपोर्ट
औरंगाबाद जिला के नवीनगर प्रखंड के टंडवा थाना क्षेत्र के सिमरी गांव से एक बेहद मार्मिक और सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां एक महिला अपने दो छोटे-छोटे बच्चों के साथ पति की बरामदगी के लिए दर-दर भटक रही है। पीड़िता उर्मिला देवी ने प्रशासन से न्याय की गुहार लगाई है। उर्मिला देवी ने बताया कि उनके पति पवन भुइया 1 नवंबर 2025 को गांव के ही युगेश्वर भुइया (पिता- कोली भुइया) तथा छतरपुर के एक ठेकेदार विकास कुमार के साथ कर्नाटक काम करने के लिए गए थे। परिवार के भरण-पोषण के उद्देश्य से गए पवन भुइया के जाने के बाद से अब तक उनसे कोई संपर्क नहीं हो पाया है।पीड़िता के अनुसार, करीब चार महीने बीत जाने के बावजूद उनके पति का कोई पता नहीं चल सका है। उन्होंने बताया कि जब ठेकेदार और साथ गए ग्रामीण से पूछताछ की गई तो उन्होंने भी अनभिज्ञता जताते हुए पल्ला झाड़ लिया। पति के लापता होने के बाद परिवार की स्थिति अत्यंत दयनीय हो गई है। घर में खाने-पीने तक के लाले पड़ गए हैं। छोटे-छोटे बच्चे अपने पिता को याद कर बिलख रहे हैं, जबकि उर्मिला देवी रोजी-रोटी और पति की तलाश के लिए संघर्ष कर रही हैं। इस संबंध में उर्मिला देवी ने टंडवा थाना में आवेदन भी दिया, लेकिन पुलिस ने मामला दूसरे राज्य से जुड़ा होने की बात कहकर प्राथमिकी दर्ज नहीं की। इससे निराश होकर महिला ने अब वरीय अधिकारियों से मामले को संज्ञान में लेने और अपने पति की जल्द से जल्द बरामदगी की गुहार लगाई है।
स्थानीय लोगों ने भी प्रशासन से मांग की है कि मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच कर लापता व्यक्ति का पता लगाया जाए और पीड़ित परिवार को न्याय दिलाया जाए।
