रांची: झारखंड विधानसभा के आगामी मानसून सत्र के सुचारु और सुव्यवस्थित संचालन को लेकर सोमवार पूर्वाह्न 11:30 बजे माननीय अध्यक्ष श्री रबीन्द्र नाथ महतो की अध्यक्षता में उनके कार्यालय कक्ष में एक उच्चस्तरीय बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में संसदीय कार्यमंत्री श्री राधा कृष्ण किशोर एवं राज्य के कई वरीय पदाधिकारी उपस्थित रहे।

बैठक के दौरान मानसून सत्र के औपबंधिक कार्य दिवसों, सदन की कार्यवाहियों तथा विधायी कार्यों के समयबद्ध निष्पादन को लेकर विस्तृत चर्चा हुई।
📌 बैठक के मुख्य बिंदु और दिशा-निर्देश:
समय पर उत्तर और जवाबदेही तय हो: विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कि सत्र छोटा है लेकिन सदस्यों के प्रश्न अधिक संख्या में आ रहे हैं। मुख्य सचिव को निर्देश दिया गया कि सभी विभाग समय सीमा के अंदर प्रश्नों के सटीक उत्तर सभा सचिवालय को उपलब्ध कराएं और इसके लिए अफसरों की जवाबदेही तय की जाए।
विधेयकों की प्रति समय पर मिले: सत्र में पेश किए जाने वाले विधेयकों की प्रतियां विधायकों को समय पर उपलब्ध कराने पर जोर दिया गया, ताकि माननीय सदस्यों को विधेयक का अध्ययन करने और संशोधन लाने का पर्याप्त समय मिल सके।
NeVA (डिजिटल विधानसभा) पर जोर: विधानसभा को पूरी तरह पेपरलेस बनाने के लिए NeVA (National e-Vidhan Application) प्रणाली को प्रभावी ढंग से लागू करने का निर्णय लिया गया। इसके लिए सभी विभागों में जल्द नोडल अधिकारियों की प्रतिनियुक्ति के निर्देश दिए गए।
लंबित मामलों का त्वरित निष्पादन: सदस्यों के शून्यकाल, निवेदन, ध्यानाकर्षण प्रश्नों और सरकार के लंबित आश्वासनों का विभागवार ब्योरा लेते हुए उनके त्वरित निष्पादन का निर्देश दिया गया।
सुरक्षा एवं स्वास्थ्य सुविधाएं: सत्र के दौरान निर्बाध बिजली आपूर्ति, चौबीसों घंटे एम्बुलेंस, चिकित्सकों की टीम, जीवनरक्षक दवाइयों और परिसर में पुख्ता सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिए गए।
👥 बैठक में शामिल प्रमुख चेहरे:
बैठक में मुख्य रूप से झारखंड के मुख्य सचिव श्री अविनाश कुमार, प्रभारी सचिव विधानसभा श्री रंजीत कुमार, अपर मुख्य सचिव (गृह व मंत्रिमंडल) श्रीमती वन्दना दादेल, अपर मुख्य सचिव (स्वास्थ्य) श्री अजय कुमार सिंह, सचिव (कार्मिक) श्री प्रवीण कुमार टोप्पो, सचिव (वित्त) श्री प्रशांत कुमार, सचिव (भवन निर्माण) श्री अरवा राजकमल, सचिव (पेयजल) श्री अबू इमरान सहित रांची के उपायुक्त और वरीय पुलिस अधीक्षक (SSP) उपस्थित थे।
Author: Shamsher Editor in chief
14/08/1980
