फुसरो: केन्द्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल इकाई सीसीएल करगली के कमांडेंट राज प्रताप सिंह का रात्रि बेरमो की धरती पर चहलकदमी कोयला तस्करो के लिए काल बन गया है। स्वंय द्वारा आधुनिक उपकरण, ड्रोन से निगरान कर अवैध कोयला भंडारण स्थल की पहचान कर, तत्काल रेड कर कोयला जब्ती की कार्रवाई निरंतर जारी है। खुफिया इनपुट के आधार पर कोयला छापामारी के अलग-अलग टीम बनाकर लगातार एरिया में दाबिश दिया जा रहा है, जिससे कोयला तस्कर का सड़क से निकलना मुश्किल हो गया है। लगातार छापामारी का परिणाम है कि फुसरो बाजार में कोयला तस्कर दिखाई नहीं दे रहे है। कोयला तस्करी में उपयोग की जानेवाली मोटरसाईकिल को जब्त कर खान एवं खनिज (विकास एवं विनियमन) अधिनियम, 1957 (एमएमडीआर एक्ट) के तहत पुलिस स्टेशन को सुपूर्द कर प्राथमिकी दर्ज कराई जा रही है।
ढ़ोरी क्षेत्र के भंडारीदाह रेलवे साईडिंग एरिया में छापामारी :
खुफिया सूचना के आधार पर सीसीएल ढ़ोरी क्षेत्र के भंडारीदाह रेलवे साईडिंग एरिया में अवैध रूप से मोटरसाईकिल से कोयला तस्करी कर रहे 08 मोटरसाईकिले एवं उस पर लदे 2.600 टन अवैध कोयला जब्त किया गया। जब्त मोटरसाइकिलों में से दो में पंजीयन संख्या पाया गया तथा 06 मोटरसाईकिलें बिना पंजीयन संख्या का था। कोयला तस्कर हमेशा बिना नंबर प्लेट के वाहन से कोयला तस्करी करते है। सभी जब्त वाहनों एवं कोयले को आवश्यक कानूनी कार्रवाई के लिए चन्द्रपुरा थाना को सुपुर्द किया गया।
फुसरो बाजार के रानीबाग एरिया में अवैध कोयला भंडारण पर प्रहार :
अभियान के दौरान सीआईएसएफ ने ढोरी एरिया के रानीबाग एरिया में अवैध कोयला भंडारण की स्टीक खुफिया इनपुट प्राप्त होने पर छापामारी दल, दल-बल में वाहन एवं जेसीबी के साथ पहुँचकर तत्परता से अवैध कोयला को उठाकर ले गई। कुल 6.420 टन अवैध कोयला को जब्त किया गया।
सीसीएल करगली एरिया में एमएमडीआर एक्ट के निरंतर कोयला जब्ती की कार्रवाई :
उल्लेखनीय है कि भारत सरकार द्वारा सीआईएसएफ को एमएमडीआर एक्ट के अंतर्गत प्रदत्त नवीन अधिकारों के तहत करगली क्षेत्र में यह दूसरी बड़ी कार्रवाई है। इस प्रावधान के लागू होने के बाद सीआईएसएफ अब अवैध रूप से परिवहन किए जा रहे कोयले को सीधे जब्त कर स्वतंत्र रूप से कानूनी कार्रवाई प्रारंभ करने के लिए अधिकृत है। इससे अवैध खनन एवं कोयला तस्करी पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित करने में महत्वपूर्ण सहायता मिलेगी। सूत्रों के अनुसार, अवैध कोयला परिवहन एवं तस्करी के विरुद्ध इस प्रकार के विशेष अभियान भविष्य में भी निरंतर जारी रहेंगे।
राष्ट्रीय संपदा की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता – राज प्रताप सिंह
सीआईएसएफ कमांडेंट राज प्रताप सिंह ने कहा कि कोयला देश की महत्वपूर्ण राष्ट्रीय संपदा है और इसकी सुरक्षा सुनिश्चित करना बल की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है। भारत सरकार द्वारा खान एवं खनिज (विकास एवं विनियमन) अधिनियम, 1957 (एमएमडीआर एक्ट) के अंतर्गत प्रदत्त अधिकारों का उद्देश्य अवैध खनन, चोरी एवं तस्करी पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित करना तथा राष्ट्रीय संसाधनों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है। सीआईएसएफ, सीसीएल प्रबंधन, स्थानीय प्रशासन एवं पुलिस के साथ समन्वय स्थापित कर कोयला चोरी एवं अवैध परिवहन के विरुद्ध निरंतर प्रभावी कार्रवाई कर रही है। भविष्य में भी ऐसे विशेष अभियान और अधिक व्यापक स्तर पर जारी रहेंगे तथा राष्ट्रीय संपदा को नुकसान पहुंचाने वाले तत्वों के विरुद्ध कानून के अनुसार कठोर कार्रवाई की जाएगी। सुत्रों से ज्ञात हुआ कि गृह मंत्रालय द्वारा सीआईएसएफ को एमएमडीआर अधिनियम के तहत् कार्रवाई करने की विशेष छूट प्रदान की गई है।
सीआईएसएफ ने स्पष्ट किया है कि अवैध कोयला खनन, परिवहन एवं तस्करी में संलिप्त किसी भी व्यक्ति को किसी भी परिस्थिति में बख्शा नहीं जाएगा। एमएमडीआर एक्ट के तहत प्राप्त अधिकारों का उपयोग करते हुए ऐसे मामलों में त्वरित जब्ती एवं स्वतंत्र कानूनी कार्रवाई निरंतर जारी रहेगी। सीआईएसएफ आम नागरिकों से भी अपील करता है कि वे राष्ट्रीय संपदा की सुरक्षा में अपनी सहभागिता सुनिश्चित करें तथा अवैध कोयला गतिविधियों की सूचना संबंधित अधिकारियों को उपलब्ध कराएं। कानून का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध सख्त एवं प्रभावी कार्रवाई भविष्य में भी लगातार जारी रहेगी।
इस विशेष छापामारी अभियान का नेतृत्व स्वंय कमाण्डेंट राजप्रताप सिंह के नेतृत्व में किया गया। अभियान में उप कमाण्डेंट गारा अभिलाष, उप निरीक्षक संतोष कुमार तिवारी, अमित कुमार, मुकेश कुमार शर्मा, राहुल, सहायक उप निरीक्षक (कार्य) परिमल कुमार राॅय, प्रधान आरक्षक वंश कुमार सोनकर, मो. इफ्तेखार अंजुम, संजीव कुमार खरबार, श्रीकांत पासवान, आरक्षक अतुल कुमार सहित अन्य सीआईएसएफ कार्मिकों ने सक्रिय एवं सराहनीय भूमिका निभाई।
शंकर प्रसाद की रिपोर्ट,
Author: Shamsher Editor in chief
14/08/1980
