चतरा में आधे घंटे तक चला हाई-वोल्टेज ड्रामा
चतरा: भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो हजारीबाग की टीम ने चतरा में बड़ी कार्रवाई करते हुए अनुमंडल दंडाधिकारी कार्यालय के प्रधान लिपिक (बड़ा बाबू) बासुदेव राम को 15,000 रुपये रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तारी के दौरान और उसके ठीक बाद चतरा अनुमंडल कार्यालय परिसर में करीब आधे घंटे तक भारी हंगामा और अफरा-तफरी का माहौल बना रहा।
जमीन के फैसले की कॉपी के एवज में मांगी थी घूस
मामला चतरा जिले के हंटरगंज थाना क्षेत्र स्थित ग्राम बेला का है। पीड़ित बिलास यादव (60 वर्ष) के अनुसार, उनके दादा के नाम दर्ज 52 डिसमिल जमीन पर गांव के ही कुछ लोगों ने गलत दावा करते हुए SDM कोर्ट चतरा में वाद (संख्या 10/2018) दायर किया था। SDM कोर्ट ने मामले में बिलास यादव के पक्ष में फैसला सुनाया।
जब बिलास यादव फैसले की प्रति (नकल) लेने बड़ा बाबू बासुदेव राम के पास पहुंचे, तो उन्होंने रिश्वत के बिना नकल देने से साफ इनकार कर दिया।
ACB ने बिछाया जाल, रंगे हाथ दबोचा
घुस देने के बजाय बिलास यादव ने इसकी शिकायत एसपी (ACB) हजारीबाग से कर दी। तकनीकी सत्यापन में आरोप सही पाए जाने के बाद ACB हजारीबाग थाना में कांड संख्या 10/2026 दर्ज किया गया।
गुरुवार प्रतिनियुक्त दंडाधिकारी और स्वतंत्र गवाहों की मौजूदगी में ACB की ट्रैप टीम ने जाल बिछाया। जैसे ही आवेदक ने रिश्वत के 15,000 रुपये बासुदेव राम को थमाए, ACB टीम ने उन्हें रंगे हाथ धर दबोचा।
कमरे का दरवाजा बंद कर पूछताछ पर हंगामा, गाली-गलौज का आरोप
गिरफ्तारी के बाद ACB टीम आरोपी बड़ा बाबू को उनके कार्यालय कक्ष में ले गई और दरवाजा बंद कर पूछताछ शुरू कर दी। बंद कमरे में कार्रवाई किए जाने पर कार्यालय के अन्य कर्मचारी भड़क गए और उन्होंने मौके पर हंगामा शुरू कर दिया। कर्मियों और ACB टीम के बीच करीब आधे घंटे तक तीखी बहस और हाई-वोल्टेज ड्रामा चलता रहा। कर्मचारियों ने ACB अधिकारियों पर गाली-गलौज और धक्का-मुक्की का गंभीर आरोप लगाया। साथ ही यह भी दावा किया कि कमरे में ACB टीम के साथ एक गैर-विभागीय युवक भी मौजूद था।
बढ़ते हंगामे को देखते हुए ACB टीम ने दरवाजा खोला और फिर कार्यालय में मौजूद संबंधित दस्तावेजों को खंगालकर जरूरी साक्ष्य जुटाए। कार्रवाई पूरी करने के बाद ACB टीम गिरफ्तार बासुदेव राम को अपने साथ हजारीबाग ले गई, जहां कानूनी कागजी प्रक्रिया पूरी करने के बाद आरोपी को न्यायिक हिरासत में भेजा जाएगा।
