कथारा : सीसीएल में संचालित सहयोगी संस्था अर्पिता महिला मंडल द्वारा लगातार सामाजिक दायित्वों का निर्वहन करते हुए शिक्षा, पर्यावरण एवं सामाजिक सहयोग के क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य किए जा रहे हैं। संस्था द्वारा बच्चों को शिक्षण सामग्री उपलब्ध कराने, महिलाओं के लिए सिलाई-कढ़ाई सामग्री वितरण, पर्यावरण संरक्षण हेतु वृक्षारोपण तथा गरीब एवं बेसहारा परिवारों के वैवाहिक कार्यों में सहयोग किया जा रहा है।
इसी क्रम में शनिवार को अर्पिता महिला मंडल कथारा क्षेत्र द्वारा रेलवे कॉलोनी स्थित प्राथमिक विद्यालय में अध्ययनरत बच्चों के बीच स्कूल बैग, वॉटर बोतल, इंस्ट्रूमेंट बॉक्स के साथ-साथ खेल सामग्री के रूप में फुटबॉल एवं रोप स्टिक का वितरण किया गया। इस अवसर पर विद्यालय के 80 बच्चों को लाभान्वित किया गया।
कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहीं अर्पिता महिला मंडल कथारा की अध्यक्ष इंदु कुमार ने कहा कि संस्था का मुख्य उद्देश्य यह है कि कोई भी बच्चा शिक्षा के अधिकार से वंचित न रहे और उन्हें पठन-पाठन की आवश्यक सामग्री की कमी न हो। उन्होंने बताया कि संस्था द्वारा विद्यालय को यथासंभव सहयोग प्रदान किया जाता है, ताकि बच्चों का सर्वांगीण विकास सुनिश्चित हो सके। उन्होंने यह भी जानकारी दी कि संस्था द्वारा विद्यालय को 10 कुर्सियां भी प्रदान की गई हैं।
वहीं विद्यालय की प्रधानाध्यापिका सरोज देवी ने अर्पिता महिला मंडल का आभार व्यक्त करते हुए बताया कि यह विद्यालय पूर्ण रूप से सीसीएल के सहयोग से संचालित है और यहां बच्चों को निःशुल्क शिक्षा दी जाती है। उन्होंने कहा कि विद्यालय में बैठने की पर्याप्त व्यवस्था नहीं होने के कारण बच्चों को जमीन पर बैठकर पढ़ाई करनी पड़ती है। इस पर अर्पिता महिला मंडल के सदस्यों द्वारा विद्यालय के विभिन्न कक्षों का अवलोकन किया गया और आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया गया।
इस अवसर पर अर्पिता महिला मंडल की अध्यक्ष इंदु कुमार के अलावा प्रमिला दत्ता, ललित कुमार, प्रतिसेन गुप्ता, सुमित्रा राव, निवेदिता मजूमदार, सरिता तिवारी, सारिका सुमन, प्रबंधन के तकनीकी सहायक राहुल कुमार सिंह, कथारा पंचायत की मुखिया पूनम देवी, पंचायत समिति सदस्य निभा देवी, वार्ड सदस्य, समाजसेवी सर्जन चौधरी, विद्यालय प्रबंधन समिति अध्यक्ष अनिल चौधरी, प्रधानाध्यापिका सरोज देवी, वरीय शिक्षक रामजी प्रसाद, शिक्षिका प्रियामिदा कुमार सहित अन्य गणमान्य लोग उपस्थित थे।
मोहम्मद सेराज की रिपोर्ट,
