बिनोद बिहारी विश्वकर्मा को प्रखंड, जिला एवं राज्य स्तर पर अनेकों पुरस्कारों से सम्मानित किया जा चुका है।
फुसरो: फुसरो नगर परिषद के महिला मंडप करगली गेट स्थित शनिवार को शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान के लिए बेरमो के सहायक शिक्षक बिनोद बिहारी विश्वकर्मा को गिरिडीह सांसद चंद्र प्रकाश चौधरी ने शॉल एवं बुके देकर सम्मानित किया। यह सम्मान बिनोद बिहारी विश्वकर्मा के शैक्षणिक नवाचार, शोधपरक प्रस्तुति एवं शिक्षण के प्रति समर्पण को देखते हुए प्रदान किया गया।
बिनोद बिहारी विश्वकर्मा बेरमो प्रखंड के अंतर्गत राजकीय मध्य विद्यालय, जरीडीह बस्ती बेरमो में वरीय सहायक शिक्षक के पद पर कार्यरत हैं। उन्होंने गत वर्ष रांची में आयोजित *राष्ट्रीय गणित सेमिनार* में “गणित” विषय पर सीखने के “नए आयाम” विषय पर अपनी डॉक्यूमेंट्री प्रस्तुत की। इसके अतिरिक्त, श्री विश्वकर्मा ने रांची में आयोजित राष्ट्रीय सेमिनार में “ड्रॉपआउट समस्या” एवं “समाधान” विषय पर अपनी डॉक्यूमेंट्री प्रस्तुत कर बेरमो प्रखंड का नाम रोशन किया।
कोरोना काल में भी वे घर पर निष्क्रिय नहीं रहे, बल्कि उन्होंने “यूट्यूब चैनल” बनाकर तथा पीडीएफ फाइलें तैयार कर बच्चों को ऑनलाइन शिक्षा प्रदान की, श्री विश्वकर्मा के इस उल्लेखनीय कार्य के लिए उन्हें जिला शिक्षा अधीक्षक श्रीमती रेणुका तिग्गा द्वारा जिला स्तर पर सम्मानित किया गया था।
वही आयोजित बोकारो जिला स्तरीय TLM मेले में भी बेरमो प्रखंड को द्वितीय स्थान दिलाने में श्री विश्वकर्मा का महत्वपूर्ण योगदान रहा।
साथ ही बिनोद बिहारी विश्वकर्मा को बेरमो विधायक श्री जयमंगल सिंह ने बसंत पंचमी के अवसर पर उन्हें शॉल एवं स्मृति-चिह्न देकर सम्मानित किया।
एवं “डायट पिण्ड्राजोरा” बोकारो में जिला स्तरीय प्रशिक्षक तथा रेल मासिक प्रश्न-पत्र निर्माण में उल्लेखनीय योगदान के लिए बोकारो जिला शिक्षा पदाधिकारी श्री अतुल कुमार चौबे द्वारा उन्हें जिला स्तरीय “शिक्षक सम्मान” प्रदान किया गया। तथा
गायत्री शक्तिपीठ, बोकारो द्वारा लगातार दो वर्षों से उन्हें “विशिष्ट अध्यापक सम्मान” से सम्मानित किया गया।
श्री विश्वकर्मा को अनेकों पुरस्कारों से सम्मानित किया जा चुका है।
बिनोद बिहारी विश्वकर्मा को शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान के लिए सम्मानित किए जाने पर बेरमो के सभी शिक्षक-शिक्षिकाओं में खुशी की लहर है। सभी ने उन्हें बधाई शुभकामनाएँ दी।
शंकर प्रसाद की रिपोर्ट,
Author: Shamsher Editor in chief
14/08/1980
