टंडवा (चतरा) गणेश महोत्सव सह श्री मद्भागवत कथा पुराण महायज्ञ के आयोजन से क्षेत्र में भक्ति की बयार बह रह है, प्रतिदिन आचार्य जयनारायण मिश्र का लोग रात्रि में कथा श्रवण कर रहे हैं, आचार्य श्री मिश्र ने कहा कि कथा श्रवण करने से विवेक जागृत होती है, कहा कि मन गलत जगह जाएगा तो मस्तिक को गलत कार्य करने का संदेश देगा, मन सही जगह लगेगा तो सत्कर्म होगा , कहा मन तब बिगड़ता है जब संग कुसंग हो जाता है, युवा ख्याल रखे कि अच्छी संगत में रहे सत्पुरूषों के साथ से मिठास भरेगा जीवन से कड़वाहट दूर होगी, व्यक्ति शांति का अनुभव चाहता है तो भगवान की शरण में ध्यान लगाएं, उन्होंने युवाओं को संबोधित करते हुए कहा कि मन का भटकाव सबसे ज्यादा युवाओं में होती है, युवाओं को तत्व ज्ञान की आवश्यकता है, मनुष्य जीवन जो मिला है वह तत्व को जानने के लिए मिला है तत्व ही हमारी पहचान है, आत्मा की आवाज ही परमात्मा की आवाज होती है, आत्मा के साक्षात्कार के लिए ध्यान प्राणायाम मनन चिंतन की जरूरत है जिससे हम तत्व को जान पाएंगे।इधर गणेश महोत्सव सह मेला जैसे जैसे दिन बीत रहा है श्रद्धालुओ की भीड़ बढ़ती जा रही है, मेले में लगे झूला मीना बाजार का लोग खूब आनद ले रहे हैं, संध्या होते ही प्रथम पूजनीय भगवान गणेश के दर्शन को लेकर श्रद्धालुओ की लंबी कतार देखी जा रही है, प्रतिदिन संध्या में महा भंडारा का आयोजन किया जा रहा है, सूर्य मंदिर नवनिर्माणबको लेकर चार सितंबर को भूमिपूजन किया जाना है जिसकी भव्य तैयारी चल रही है, भूमि पूजन में सांसद कालीचरण सिंह समेत आधा दर्जन विधायक व कई पूर्व विधायक भाग लेंगें।यज्ञ आचार्य जयनारायण मिश्र व उनके सहयोगी आचार्य राजनारायण मिश्र, नितेश पांडे, अमरेंद्र तिवारी के द्वारा सम्पन्न कराया जा रहा है।यज्ञ के सफल संचालन में अध्यक्ष विकास गुप्ता सचिव अनिल दास कोषाध्यक्ष संजीत गुप्ता रंजीत गुप्ता नंदा थापा प्रकाश पाठक बालकृष्ण यादव मनोज मालाकार मुकेश प्रजापति प्रदीप प्रजापति रुदेश नायक समेत अन्य लगे हुए हैं।
कामेश्वर गुप्ता की रिपोर्ट,
Author: Shamsher Editor in chief
14/08/1980