प्रतापपुर के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी की प्रतिरक्षण में कम प्रगति पर उपयुक्त नाराज पूछा गया कारण ।
मो शाहबान की रिपोर्ट,
चतरा:उपायुक्त कीर्तिश्री की अध्यक्षता में बुधवार को समाहरणालय सभागार में स्वास्थ्य विभाग की विस्तृत समीक्षात्मक बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिले में संचालित स्वास्थ्य योजनाओं की प्रगति, स्वास्थ्य सेवाओं की उपलब्धता और गुणवत्तापूर्ण क्रियान्वयन की समीक्षा की गई। उपायुक्त ने प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के तहत अधिकतम लाभार्थियों के लिए आयुष्मान कार्ड बनाने, अस्पतालों में आयुष्मान वार्ड स्थापित करने और आयुष्मान मित्र की शीघ्र नियुक्ति का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि आयुष्मान भारत योजना के तहत अधिक मरीजों का इलाज सुनिश्चित करने वाले चिकित्सा पदाधिकारियों को सम्मानित किया जाएगा।
ई-संजीवनी पोर्टल पर चिकित्सकों की सक्रियता बढ़ाने और निष्क्रियता पर कार्रवाई के निर्देश दिए गए। कुपोषण उन्मूलन पर जोर देते हुए उपायुक्त ने गंभीर रूप से कुपोषित बच्चों की पहचान कर उन्हें कुपोषण उपचार केंद्र (MTC) भेजने की प्रक्रिया में तेजी लाने को कहा। गर्भवती महिलाओं के पंजीकरण, एएनसी जांच और नियमित टीकाकरण को अनिवार्य करने पर बल दिया गया।
उपायुक्त ने निर्माणाधीन स्वास्थ्य भवनों और उपकेंद्रों के कार्य को शीघ्र पूरा करने, पेयजल आपूर्ति सुदृढ़ करने और बाल लिंगानुपात सुधार के लिए PCPNDT एक्ट के तहत प्रभावी कार्रवाई का निर्देश दिया। कायाकल्प योजना के तहत सदर अस्पताल और चयनित स्वास्थ्य केंद्रों का मूल्यांकन जल्द कराने की बात कही।
मानव संसाधन प्रबंधन के तहत चतरा प्रखंड के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी के रूप में वर्तमान डीएस को हटाकर नए चिकित्सा पदाधिकारी को जिम्मेदारी देने का निर्णय लिया गया। चतरा प्रखंड डाटा मैनेजर के मातृत्व अवकाश पर होने के कारण हंटरगंज बीडीएम को सप्ताह में दो दिन चतरा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में प्रतिनियुक्त किया गया। डीपीएम को सितंबर तक सभी रिक्त अनुबंध कर्मियों की नियुक्ति पूरी करने का निर्देश दिया गया।
प्रतापपुर के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी की प्रतिरक्षण में कम प्रगति पर नाराजगी जताई गई और कारण पूछा गया। सभी प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारियों को प्रसव प्वाइंट पर वेट मशीन की उपलब्धता और संभावित डेंगू मरीजों के लिए प्रति माह न्यूनतम 25 सैंपल डीपीएचएल लैब, सदर अस्पताल चतरा भेजने का निर्देश दिया गया।
बैठक में फाइलेरिया उन्मूलन अभियान की समीक्षा की गई। बीबीडी कंसल्टेंट अभिमन्यु कुमार ने बताया कि 10 अगस्त से चल रहे इस अभियान में अब तक 93% लक्षित जनसंख्या को दवा खिलाई जा चुकी है। उपायुक्त ने शत-प्रतिशत लक्ष्य प्राप्ति के लिए और सक्रियता से कार्य करने का निर्देश दिया।
बैठक में सिविल सर्जन डॉ. जगदीश प्रसाद, उप विकास आयुक्त अमरेंद्र कुमार सिन्हा, जिला स्वास्थ्य समिति के पदाधिकारी, प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी, डीपीएम, डीएएम, डीपीसी (टीबी), बीपीएम, स्वास्थ्य केंद्रों के प्रतिनिधि, सीनी संस्था और नीति आयोग के फेलो सहित अन्य विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।
Author: Shamsher Editor in chief
14/08/1980