अहमदाबाद / बोकारो: भारतीय रेलवे ने रेल सुरक्षा को अभेद्य बनाने और आधुनिक तकनीक को अपनाने की दिशा में एक और बड़ा फैसला लिया है। पश्चिम रेलवे के अहमदाबाद डिवीजन के तहत आने वाले रेल मार्गों को पूरी तरह सुरक्षित करने के लिए 140 करोड़ रुपये की ‘कवच’ (Kavach) परियोजना के चौथे चरण को हरी झंडी दे दी गई है।
इस नई मंजूरी के साथ ही अब पूरा अहमदाबाद डिवीजन स्वदेशी स्वचालित ट्रेन सुरक्षा प्रणाली (ATP) के घेरे में आ जाएगा।
📌 परियोजना की मुख्य बातें:
विस्तार और दायरा: इस चौथे चरण के तहत अहमदाबाद डिवीजन के 48 ब्लॉक खंडों में फैले 598 किलोमीटर लंबे रेल मार्ग पर कवच प्रणाली स्थापित की जाएगी।
बजट: इस पूरी परियोजना के लिए 140 करोड़ रुपये का बजट स्वीकृत किया गया है।
आधुनिक संचार तकनीक: यह परियोजना रेलवे मार्गों पर लॉन्ग टर्म इवोल्यूशन (LTE) आधारित एडवांस संचार तकनीक से लैस होगी, जिससे ट्रेनों और कंट्रोल रूम के बीच संपर्क बेहद सटीक और तेज होगा।
🛡️ पूरे डिवीजन में लागू होगी ‘कवच’ प्रणाली
आपको बता दें कि इससे पहले अहमदाबाद डिवीजन के करीब 702 किलोमीटर मार्ग पर कवच प्रणाली के लिए पहले ही मंजूरी दी जा चुकी थी। अब इस नए 598 किलोमीटर के खंड को मंजूरी मिलने के बाद, डिवीजन का शेष हिस्सा भी इस सुरक्षा कवच से जुड़ जाएगा। इसके बाद पूरे अहमदाबाद रेल डिवीजन में भारतीय तकनीक वाले इस सुरक्षा सिस्टम का व्यापक और निर्बाध उपयोग संभव हो सकेगा।
🤔 क्या है ‘कवच’ और यह कैसे काम करता है?
कवच (Kavach) भारत में ही पूरी तरह स्वदेशी रूप से विकसित एक स्वचालित ट्रेन सुरक्षा (ATP – Automatic Train Protection) प्रणाली है। इसे रेल हादसों को शून्य पर लाने के उद्देश्य से डिजाइन किया गया है।
सिग्नल जंपिंग से बचाव: यह प्रणाली लोको पायलट द्वारा गलती से खतरे का सिग्नल पार करने (SPAD – Signal Passing At Danger) को रोकती है।
ऑटोमैटिक ब्रेक: यदि घने कोहरे या किसी मानवीय भूल के कारण ट्रेन की रफ्तार तय सीमा से अधिक होती है, या सामने कोई दूसरी ट्रेन आ जाती है, तो यह सिस्टम बेहद गंभीर परिस्थितियों में स्वचालित रूप से ब्रेक लगाकर ट्रेन को रोक देता है।
🛠️ आधुनिकीकरण की ओर बढ़ती भारतीय रेल
रेलवे सुरक्षा को मजबूत करने और यात्रियों के सफर को सुरक्षित बनाने के लिए भारतीय रेल देश भर के अपने पूरे नेटवर्क में तेजी से ‘कवच’ कार्यक्रम का विस्तार कर रही है। अहमदाबाद डिवीजन में मिली यह मंजूरी इसी आधुनिकीकरण अभियान का एक अहम हिस्सा है।
रिपोर्ट: लाइव 11 न्यूज (Live 11 News)
Author: Shamsher Editor in chief
14/08/1980
