कथारा (बोकारो): गोमिया प्रखंड के असनापानी स्थित महाप्रबंधक आवासीय परिसर शिव मंदिर में आयोजित श्री शिव प्राण प्रतिष्ठा सह 108 महारुद्र महायज्ञ का विधिवत समापन सोमवार को हुआ। 19 जून को कलश यात्रा के साथ शुरू हुए इस धार्मिक आयोजन में श्रद्धालुओं की भारी भागीदारी रही।
समापन अवसर पर देवभूमि वाराणसी से पधारे आचार्य अंजनी नंदन शास्त्री ने भगवान शिव की महिमा एवं भारतीय आध्यात्मिक परंपराओं पर प्रवचन दिया। उन्होंने धर्म और संस्कारों के महत्व पर प्रकाश डालते हुए श्रद्धालुओं को आध्यात्मिक संदेश दिया। यज्ञ समिति की ओर से आयोजन में सहयोग करने वाले श्रद्धालुओं को अंगवस्त्र देकर सम्मानित किया गया।
यज्ञ समिति के पवन कुमार सिंह ने बताया कि 21 जून को आयोजित भव्य नगर भ्रमण शोभायात्रा श्रद्धा, भक्ति और उत्साह का अद्भुत संगम बनी। असनापानी कॉलोनी स्थित यज्ञ स्थल से निकली शोभायात्रा कथारा चार नंबर शिव मंदिर, एक नंबर शिव मंदिर, मोहली बांध शिव मंदिर, रेलवे कॉलोनी शिव मंदिर तथा कथारा मोड़ स्थित शिव मंदिर पहुंची। इस दौरान हर-हर महादेव और बोल बम के जयकारों से पूरा क्षेत्र भक्तिमय वातावरण में डूब गया।
शोभायात्रा में महिला, पुरुष, बच्चे और बुजुर्ग बड़ी संख्या में शामिल हुए। श्रद्धालुओं ने भगवा ध्वज के साथ यात्रा में भाग लिया तथा विभिन्न स्थानों पर फूलों की वर्षा कर शोभायात्रा का स्वागत किया। सभी शिव मंदिरों में विधिवत पूजन-अर्चन कर क्षेत्र की सुख-शांति और समृद्धि की कामना की गई।
इस धार्मिक आयोजन में यज्ञ यजमान के रूप में सीसीएल कथारा क्षेत्र के पूर्व महाप्रबंधक संजय कुमार एवं उनकी धर्मपत्नी इंदु देवी तथा विभागाध्यक्ष (असैनिक) संजय सिंह एवं उनकी धर्मपत्नी दीपा कुमारी ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। आचार्य दीपक त्रिपाठी, श्याम मिश्रा, बालमुकुंद पांडेय, गौतम पांडेय, चंचल मिश्रा एवं शशिकांत के सानिध्य में सभी अनुष्ठान संपन्न हुए।
यज्ञ समिति के अजय कुमार सिंह, वेदव्यास चौबे, विजय यादव, इंद्रजीत कुमार सिंह, कृष्ण मोहन, आशीष चक्रवर्ती, गोविंद यादव, सुनीता सिंह सहित सैकड़ों श्रद्धालुओं ने आयोजन को सफल बनाने में योगदान दिया।
आयोजन समिति ने बताया कि नगर भ्रमण का उद्देश्य क्षेत्र में धार्मिक चेतना का प्रसार करना तथा शिव परिवार की प्राण प्रतिष्ठा से पूर्व पूरे नगर को आध्यात्मिक वातावरण से जोड़ना था। समिति ने पुलिस-प्रशासन, स्थानीय श्रद्धालुओं एवं सहयोगियों के प्रति आभार व्यक्त किया।
वहीं 23 जून को मंदिर परिसर में आयोजित महाभंडारा में हजारों श्रद्धालुओं ने महाप्रसाद ग्रहण किया। आयोजकों के अनुसार आगामी दिनों में शिव परिवार की प्राण प्रतिष्ठा का मुख्य अनुष्ठान वैदिक विधि-विधान के साथ संपन्न होगा, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के शामिल होने की संभावना है।
मोहम्मद सेराज की रिपोर्ट,
Author: Shamsher Editor in chief
14/08/1980
